
2अगस्त, ग्लास्गो: राष्ट्रों के महाकुंभ राष्ट्रमंडल खेल 2026 (CWG 2026) में भारतीय मुक्केबाजों ने रिंग में उतरकर ऐसा तूफान मचाया कि इतिहास के पन्ने बदल गए। भारतीय मुक्केबाजी दल ने अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए कुल 10 पदक अपने नाम किए हैं, जिसमें 7 स्वर्ण (Gold) और 3 रजत (Silver) पदक शामिल हैं।
इस ऐतिहासिक कामयाबी के साथ ही भारत ने राष्ट्रमंडल खेल 2018 के अपने 9 पदकों के पिछले सर्वश्रेष्ठ रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। यही नहीं, इस बार जीते गए 7 स्वर्ण पदकों ने भारत के पिछले किसी भी राष्ट्रमंडल खेलों के 3 स्वर्ण पदकों के रिकॉर्ड को भी ध्वस्त कर दिया है।
स्वर्ण पदक विजेताओं की चमचमाती सूची
ग्लास्गो की रिंग में तिरंगा लहराने वाले और देश को सोना दिलाने वाले जांबाज मुक्केबाज इस प्रकार हैं:
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प्रीति पवार (Preeti Pawar)
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जैस्मीन लंबोरिया (Jaismine Lamboria)
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साक्षी चौधरी (Sakshi Chaudhary)
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प्रिया घनघस (Priya Ghanghas)
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अरुंधति चौधरी (Arundhati Choudhary)
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सचिन सिवाच (Sachin Siwach)
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अंकुश पांघल (Ankush Panghal)
रजत पदक पर रहा इनका कब्जा
स्वर्ण के अलावा भारतीय मुक्केबाजों ने तीन स्पर्धाओं के फाइनल में कड़ा मुकाबला कर देश की झोली में रजत पदक भी डाले:
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नरेंद्र बेरवाल (Narender Berwal): पुरुषों के +90 किलोग्राम भार वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड के डामर थॉमस से कड़े मुकाबले के बाद नरेंद्र को रजत पदक से संतोष करना पड़ा। एशियाई खेल 2023 के कांस्य पदक विजेता नरेंद्र का यह पहला राष्ट्रमंडल पदक है।
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लवलीना बोरगोहेन (Lovlina Borgohain)
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जादुमनी सिंह (Jadumani Singh)
इस शानदार प्रदर्शन के बाद पूरे देश में जश्न का माहौल है और खेल प्रेमियों सहित पूरा देश अपने इन बॉक्सिंग हीरोज को सलाम कर रहा है।




