
चंडीगढ़: हरियाणा के परिवहन मंत्री अनिल विज ने रोडवेज कर्मचारियों के हित में कई बड़े फैसलों की घोषणा की है। विभाग के अधिकारियों और कर्मचारी यूनियनों के साथ हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में परिवहन मंत्री ने कर्मचारियों को बड़ी राहत देते हुए कहा कि राज्य सरकार जब तक नई स्थानांतरण नीति (Transfer Policy) लागू नहीं करती, तब तक रोडवेज कर्मियों को आपसी सहमति (Mutual Consent) के आधार पर एक बार तबादले का अवसर दिया जाएगा। इससे डिपो के काम प्रभावित किए बिना कर्मचारियों की वास्तविक समस्याओं का समाधान हो सकेगा।
कार्यशालाओं का होगा कायाकल्प, यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि
बैठक में कर्मचारियों और यात्रियों दोनों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए कई कड़े निर्देश जारी किए गए:
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कर्मचारियों के लिए बेहतर सुविधाएं: प्रदेश के सभी रोडवेज कार्यशालाओं और डिपो में मूलभूत सुविधाएं जैसे कूलर, पंखे, बैठने की समुचित व्यवस्था और महिला-पुरुषों के लिए अलग-अलग शौचालयों का निर्माण सुनिश्चित किया जाएगा।
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चालकों की सख्त टेस्टिंग: सड़क सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए परिवहन मंत्री ने कहा कि हादसों को रोकने के लिए ड्राइवरों के लिए जल्द ही एक पारदर्शी और सख्त टेस्टिंग प्रणाली शुरू की जाएगी।
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अवैध कब्जों पर चलेगा डंडा: सभी बस अड्डों और डिपो की जमीनों का व्यापक सर्वे होगा। अगर कहीं भी अवैध कब्जा या अतिक्रमण पाया गया, तो उसे तुरंत हटाया जाएगा ताकि वहां इलेक्ट्रिक चार्जिंग स्टेशन जैसी आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा सकें।
सरकारी बसों को प्राथमिकता और प्राइवेट ऑपरेटरों पर सख्ती
विज ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि बसों के रूट और समय-सारिणी (Time-Table) की इस तरह समीक्षा की जाए जिससे सरकारी बसों को पहले संचालन का मौका मिले। प्राइवेट बसों को सरकारी बस के चलने के करीब 20 से 25 मिनट बाद चलाया जाएगा, ताकि अनावश्यक प्रतिस्पर्धा से बचा जा सके।
इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया कि किलोमीटर स्कीम के तहत काम कर रहे निजी बस संचालकों को नियमों का पूरी तरह पालन करना होगा, अन्यथा उल्लंघन करने पर बसों को जब्त कर लिया जाएगा। भविष्य के सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के लिए राज्य में इलेक्ट्रिक बसों का एक व्यावहारिक मॉडल भी विकसित किया जा रहा है।
लंबित मांगों और समय पर प्रमोशन के लिए बनेगा रोडमैप
कर्मचारी संघों की मांग पर परिवहन मंत्री ने अधिकारियों को पात्र कर्मचारियों का समयबद्ध तरीके से प्रमोशन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा अर्जित अवकाश, तकनीकी वेतनमान, बोनस, रिस्क अलाउंस, वर्दी-जूता भत्ता और आवासीय कॉलोनियों के निर्माण जैसे लंबित मुद्दों के एकमुश्त समाधान के लिए संबंधित विभागों के साथ जल्द ही एक संयुक्त बैठक आयोजित कर विशेष रोडमैप तैयार किया जाएगा।



