International

कमर्शियल जहाजों पर हर 6 में से 1 नाविक भारतीय, हमले में मौत के बाद ड्यूटी को लेकर नई एडवाइजरी

दुनिया भर में करीब 3.5 लाख भारतीय नाविक जहाजों पर काम करते हैं. भारत सरकार के मुताबिक, इनमें से आधे से ज्यादा फिलहाल एक्टिव सर्विस में हैं और ज्यादातर विदेशी झंडे वाले जहाजों पर तैनात हैं. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देखें तो बड़े व्यापारिक जहाजों पर काम करने वाले हर 6 नाविकों में से 1 भारतीय है. इंटरनेशल मेरीटाइम ऑर्गेनाइजेशन (IMO) के मुताबिक, फारस की खाड़ी में फिलहाल लगभग 20 हजार नाविक अलग-अलग जहाजों पर फंसे हुए हैं.

वहीं भारत के डॉरेक्टोरेट जनरल ऑफ शिपिंग के मुताबिक, ईरान युद्ध शुरू होने के समय करीब 23 हजार भारतीय नाविक इस पूरे क्षेत्र में जहाजों और समुद्री सुविधाओं पर काम कर रहे थे. इनमें आधे से ज्यादा UAE में तैनात हैं. हाल ही में अमेरिकी हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत के बाद भारत सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. DG शिपिंग ने सभी समुद्री भर्ती एजेंसियों को निर्देश दिया है कि अगले आदेश तक नाविकों को संघर्ष वाले इलाकों में भारतीय नई ड्यूटी पर न भेजा जाए.

सरकार ने होर्मुज स्ट्रेट और ओमान की खाड़ी में चलने वाले जहाजों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने और सभी सुरक्षा निर्देशों का पालन करने को कहा है. जरूरत पड़ने पर क्रू बदलने की अनुमति होगी, लेकिन इसके लिए नाविकों की सहमति जरूरी होगी.

8, 10 और 11 जून को अमेरिकी नेवी ने मारिवेक्स, सेटेबेलो और जलवीर नाम के तीन व्यापारिक जहाजों पर हेलफायर मिसाइलों से हमला किया था. मारिवेक्स और जलवीर में किसी की मौत नहीं हुई, लेकिन सेटेसेबेलो पर तीन भारतीय नाविकों की जान चली गई. इनमें एक चीफ इंजीनियर, एक इंजन फिटर और एक डेक कैडेट शामिल थे.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button